बिहार के चर्चित पूर्व मुखिया शशिनाथ झा हत्याकांड में अदालत का अहम फैसला आ गया है। समस्तीपुर जिले के सरायरंजन थाना अंतर्गत बखरी बुजुर्ग पंचायत के पूर्व मुखिया व कद्दावर माने जाने वाले शशिनाथ झा हत्याकांड में आठ आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है। अपर व जिला सत्र न्यायाधीश सोनेलाल रजक ने मामले की सुनवाई पूरी करने के बाद आरोपियों को आजीवन कारावास के साथ साथ दस- दस हजार रुपये आर्थिक दंड भी दिया।
सजा पाने वाले दोषियों में मुख्य आरोपी राजेश पाल के अलावा धीरेन्द्रग राय उर्फ बड़का बउआ, हिमांशु राय, अर्जुन दास उर्फ करिया, सुमित कुमार उर्फ फुचिया, चंदन कुमार, निलेन्दु गिरि व सुनील राय शामिल हैं। घटना के सूचक की ओर से वरीय अधिवक्ता गौरीशंकर मिश्र व बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता रजनी रंजन, विमल किशोर राश विक्रम ठाकुर, विनोद कुमार सिंह, रमेश प्रसाद सिंह व अमिताभ भारद्वाज की टीम ने बहस में भाग लिया। सरकार की ओर से लोक अभियोजक विनोद कुमार ने न्यायालय में पक्ष रखा।
विदित हो कि एक पंचायत चुनाव के दौरान बदमाशों ने पूर्व मुखिया शशिनाथ झा की गोलियों से भून कर हत्या कर दी थी। इस मामले में उनकी पत्नी माधुरी देवी ने मुसरीघरारी थाना में कांड संख्या 97/21 के तहत 8 अगस्त को प्राथमिकी दर्ज की थी। इसमें राजेश पाल, हिमांशु राय, धीरेन्द्र राय व अर्जुन दास को नामजद करने के साथ-साथ अन्य अज्ञात पर अपने पति की हत्या करने का आरोप लगा था। गौरतलब है कि शशिनाथ झा की हत्या से जिले में हलचल मच गई थी।
